Young Man नवयुवक [ Hindi]

 Young Man(Hindi):एक बार एक  नवयुवक सोक्रेट  के पास पहुंचा  उसने दार्शनिक से पूछा कि वह बुद्धिमत्ता व ज्ञान कैसे प्राप्त कर सकता है। सोक्रेट ने कहा मेरे पीछे आओ ओर वह नवयुवक को अपने पीछे पीछे समुद्र  तक ले गया।नवयुवक सोक्रेट के पीछे चल रहा था जैसे ही सोक्रेट ने कदम समुद्र के अंदर रखे ,नवयुवक ने भी समुद्र में कदम बढ़ा दिए।सोक्रेट धीरे धीरे समुद्र में कदम बढ़ा रहे थे, पहले घुटने तक,फिर कमर तक, जब सिर तक  पानी आ गया तब सोक्रेट ने नवयुवक का सर पकड़ कर ,पानी मे डूबा दिया। नवयुवक जल के अंदर झटपटाने लगा,फिर थोड़ी देर बाद उन्होंने नवयुवक के सर को छोड़ दिया। बाहर निकलते ही नवयुवक बोला "यह क्या तुम तो मुझे मारना चाहते थे" सोक्रेट ने कहा यदि में तुम्हे मारना ही चाहता तो तुम्हें छोड़ता ही क्यूं।लेकिन फिर तुमने ऐसा किया ही  क्यों? नवयुवक ने आश्चर्य से पूछा? तब  उन्होंने कहा कि जब आप बुद्धिमत्ता व ज्ञान को  वैसे ही हासिल करना चाहते है जैसे कि तुम पानी के अंदर सांस लेने के लिए तड़फ रहे थे;तब तुम  इसे हासिल कर पाओगे। सोक्रेट ने नवयुवक की आंख में आंख डालकर कहा फिर किनारे की तरफ लौट गए यदि आप किसी चीज को बुरी तरह से चाहते है तो उसे प्राप्त कर लेते हैं और उसे होते हुए देखते है।यदि आप  सफलता को इस तरह नही चाहते तो फिर अच्छी से  अच्छी रणनीति भी कोई काम की नही होती।दुर्भाग्य से कई लोग सफलता या अन्य प्राप्ति  के लिए ग़लत रणनीति बना  रहे होते है  यह उसी तरह है जैसे घोड़े के आगे गाड़ी रख देना।
सही रणनीति सवयं दिखाई देगी  यदि आप जो चाहते हैं उसके बारे में स्पष्ट द्रष्टि रखते  है? तो आप कैसे पता करेंगे कि आप क्या चाहते है?: यदि आप ऐसी किसी बात का होने का इंतजार कर रहे है कि कोई आपको जगायेगा फिर आप अपनी धीरज ,प्रेरणा, इक्छा अपनी आत्मा से लगा देंगे। तो। आपको लंबे समय तक इंतजार करना पड़ेगा। आपके पास सम्पूर्ण जीवन जीने का एकमात्र तरीका यह है कि आप सक्रिय होकर स्वयं कुछ करे। नेपोलियन हिल कहते है इकच्छाशक्ति ही किसी उपलब्धि का आरंभिक बिंदु है,किसी तरह  की आशा नही, किसी तरह की चाहना नही बल्कि एक गहरी आवेगात्मक इकच्छाशक्ति जो  कि हर  बात को सम्भव बनाएगी।

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